
देहरादून, 02 अप्रैल 2025 – उत्तराखण्ड राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष कुसुम कण्डवाल ने महिलाओं की सुविधा को ध्यान में रखते हुए राज्य के सभी जिलाधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि वे पिंक टॉयलेट की व्यवस्था को सुचारू बनाएं, ताकि महिलाओं को सार्वजनिक स्थलों पर कोई असुविधा न हो। उन्होंने विशेष रूप से चारधाम यात्रा मार्ग और पर्यटन नगरियों में सार्वजनिक शौचालयों को दुरुस्त करने की आवश्यकता जताई।
कुसुम कण्डवाल ने अपने पत्र में कहा कि उत्तराखण्ड राज्य चारधाम यात्रा और पर्यटन के दृष्टिकोण से बेहद महत्वपूर्ण है, और यहां देश-विदेश से आने वाले पर्यटकों की संख्या बहुत अधिक है। ऐसे में महिलाओं की सुरक्षा और स्वच्छता के लिए पिंक टॉयलेट्स का होना बहुत आवश्यक है, जिसमें साफ-सफाई का विशेष ध्यान रखा जाए। उन्होंने यह भी कहा कि वर्तमान में सार्वजनिक शौचालयों की स्थिति बहुत अच्छी नहीं है और कई जगहों पर ये शौचालय ठीक से काम नहीं कर रहे हैं या स्वच्छ नहीं हैं, जिससे महिलाओं को कई तरह की समस्याओं का सामना करना पड़ता है।
महिला आयोग की अध्यक्ष ने कहा कि महिलाओं को अपनी स्वच्छता के लिए विशेष ध्यान रखने की जरूरत होती है, और यदि शौचालय स्वच्छ नहीं होंगे तो यह महिलाओं के स्वास्थ्य पर नकारात्मक प्रभाव डाल सकता है। इसलिए उन्होंने सभी जिलाधिकारियों से अनुरोध किया कि वे यात्रा मार्गों और प्रमुख सार्वजनिक स्थलों पर पिंक टॉयलेट्स का निर्माण करें या पहले से बने हुए शौचालयों को ठीक से संचालित करें।
इससे न केवल महिलाओं को सुविधा मिलेगी, बल्कि उत्तराखण्ड राज्य में पर्यटन क्षेत्र की छवि भी सुधरेगी। महिला आयोग की अध्यक्ष ने कहा कि महिला यात्रियों के लिए यह एक महत्वपूर्ण कदम है, जिसे जल्द से जल्द लागू किया जाना चाहिए।