देहरादून में पेट्रोल और डीजल की कीमतों में एक बार फिर बढ़ोतरी होने से आमजन की चिंता बढ़ गई है। पहले से ही महंगाई की मार झेल रही जनता को अब ईंधन की बढ़ती कीमतों ने और परेशान कर दिया है। हाल ही में कुछ दिनों पहले पेट्रोल और डीजल के दामों में करीब तीन रुपए की बढ़ोतरी की गई थी, वहीं अब कीमतों में करीब 90 पैसे की अतिरिक्त वृद्धि ने लोगों के घरेलू बजट पर असर डालना शुरू कर दिया है।
ईंधन की कीमतों में लगातार हो रही बढ़ोतरी का असर अब रोजमर्रा की जिंदगी में साफ दिखाई देने लगा है। निजी वाहन चालकों से लेकर सार्वजनिक परिवहन और व्यापारिक गतिविधियों तक, हर क्षेत्र पर इसका प्रभाव पड़ रहा है। लोगों का कहना है कि पेट्रोल-डीजल महंगा होने से खाने-पीने की वस्तुओं और अन्य जरूरी सामानों की कीमतें भी बढ़ सकती हैं।
वहीं दूसरी ओर पेट्रोल पंप संचालकों ने सीमित स्टॉक होने की बात भी कही है, जिससे लोगों की चिंता और बढ़ गई है। कई जगहों पर लोग पेट्रोल पंपों पर लंबी कतारों में नजर आए। आम नागरिकों का कहना है कि लगातार बढ़ती महंगाई ने पहले ही आर्थिक दबाव बढ़ा रखा है और अब ईंधन के दामों में इजाफा उनकी मुश्किलों को और बढ़ा रहा है।
विशेषज्ञों का मानना है कि पेट्रोल और डीजल की कीमतों में बढ़ोतरी का सीधा असर परिवहन लागत पर पड़ता है, जिसका प्रभाव बाजार में वस्तुओं और सेवाओं की कीमतों पर भी दिखाई देता है। ऐसे में आम जनता को आने वाले दिनों में और अधिक महंगाई का सामना करना पड़ सकता है।

