देहरादून: शिक्षा माफियाओं के खिलाफ अब जिला प्रशासन ने कड़ा कदम उठाया है। मुख्यमंत्री के निर्देश पर जिले में एक साथ कई बुक स्टोर्स पर अचानक छापेमारी की गई। यह कार्रवाई शिक्षा माफियाओं की गतिविधियों को रोकने और अभिभावकों की शिकायतों का समाधान करने के उद्देश्य से की गई।
अभिभावकों द्वारा लगातार स्कूलों और बुक सेलरों के बीच गठजोड़ की शिकायतें मिल रही थीं, जिसके बाद डीएम ने तुरंत संज्ञान लिया और चार टीमें बनाई। इन टीमों ने सिटी मजिस्ट्रेट और तीन एसडीएम की अगुवाई में एक साथ छापेमारी की। छापेमारी का प्रमुख उद्देश्य था, स्कूलों के लिए किताबों की बिक्री में हो रहे अवैध गतिविधियों और धोखाधड़ी की जांच करना।
जिला प्रशासन की छापेमारी का असर देहरादून के प्रमुख बुक स्टोर्स पर दिखा। ब्रदर पुस्तक भंडार (सुभाष रोड) पर SGST की कार्रवाई के तहत दुकान को बंद कर दिया गया, और वहां के बिल बुक्स जब्त कर लिए गए। इसके अलावा यूनिवर्सल बुक डिपो और नेशनल बुक डिपो सहित अन्य बुक स्टोर्स पर संगीन धाराओं में प्राथमिकी दर्ज की गई। इन स्टोर्स से स्टॉक रजिस्टर और बिल बुक भी जब्त कर लिए गए।
यह कदम शिक्षा माफियाओं को सख्त संदेश देने वाला है, और साथ ही यह कार्रवाई यह सुनिश्चित करती है कि अब शिक्षा के क्षेत्र में भ्रष्टाचार और धोखाधड़ी को किसी भी हालत में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
साथ ही, जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया कि जब तक SGST की कार्रवाई संपन्न नहीं हो जाती, तब तक इन दुकानों को संचालित नहीं होने दिया जाएगा।