
देहरादून: सोमवार को जनजीवन मिशन के अंतर्गत आने वाले ठेकेदारों ने सरकार से भुगतान की मांग करते हुए चेतावनी दी है यदि भुगतान नहीं होगा तो जे जे एम (जल निगम,जल संस्थान ठेकेदार एवं पाइप सप्लायर संघ संयुक्त मोर्चा ) 16 जून को मुख्यालय और 30 जून को सभी जिला मुख्यालयों पर तालाबंदी करने के साथ ही मिशन के अंतर्गत सभी योजनाओं का पानी बंद करेंगे ।
ठेकेदारों के संयुक्त मोर्चे के प्रदेश संयोजक आनंद सिंह राणा ने सरकार पर आरोप लगाते हुए कहा प्रदेश में जनजीवन मिशन के 16 हज़ार योजनाएँ थी जिसमे लगभग 15,500 योजनाओं का कार्य लगभग पूरा हो चुका है लेकिन 2025-26 वित्तीय वर्ष के लिए सरकार द्वारा अब तक भुगतान नहीं हुआ है जिससे न केवल ठेकेदार बुरे दौर से गुज़र रहे हैं बल्कि प्रवासी मज़दूरों के साथ ही स्थानीय मज़दूरों पर भी कर्ज़ का संकट खड़ा हो गया है । राणा ने बताया भुगतान न होने से प्रदेश के लगभग पाँच हज़ार ठेकेदार और हज़ारों मज़दूर भी प्रभावित हो रहे हैं और भुगतान न होने की वजह से प्रधानमंत्री का ड्रीम पेयजल प्रोजेक्ट की सैकड़ों योजनाएं अधर में लटक गईं हैं ।
ठेकेदारों के संयुक्त मोर्चे के प्रदेश संयोजक आनंद सिंह राणा ने सरकार पर आरोप लगाते हुए केंद्र के साथ समन्वय बनाने में प्रदेश सरकार को असफल करार दिया है । ग़ौरतलब है कि जल जीवन मिशन की योजनाओं में 90 फ़ीसदी अंशदान केंद्र का होता है और दस फ़ीसदी अंशदान प्रदेश सरकार का होता है ।
ठेकेदारों के संयुक्त आज देहरादून में प्रेस वार्ता कर सरकार से सख़्त लहजे में कहा है यदि सरकार भुगतान नहीं करेगी तो ठेकेदार संयुक्त मोर्चा सैकड़ों कर्मचारियों और मज़दूरों के साथ 16 जून को थाली बजाकर देहरादून में मुख्यालय का घेराव कर आंदोलन करेंगे और 30 जून को सभी जनपदों के मुख्यालय में तालाबंदी करने के साथ ही पानी को भी बंद करने का काम करेंगे ।
बाइट- आनंद सिंह राणा, प्रदेश संयोजक, संयुक्त ठेकेदार मंच

